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ममेरी दीदी की शादी मे मेरी सुहाग रात -2

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Added : 2015-08-10 07:00:00
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प्रेषिका : रुचि

पिछले भाग मे आप लोगो ने पढ़ा के मैं अपनी ममेरी दीदी के शादी मे आई हुई हू और वाहा मैं अपने ममेरे भाई से शादी से दो दिन पहले चुद जाती हू
आब आगे
फिर मुझे चुद्ने का मन तो हो रहा था लेकिन सब लोग शादी मे ब्यस्त थे और मेरे ममेरे भाई के पास भी बहुत काम था जब भी चुद्ने का मान होता तो मैं
उसके पास जाती तो देखती वो किसी के साथ कोई काम कर रहा है | सो मैं फिर नही चुद पाई और मेरी नज़र किसी और को ढूंड रही थी जिस से चुद
साकु लेकिन मुझे वैसा कोई नही मीला लेकिन कीसी से भी तो नही ना चुद सकती थी की बदनामी का डर था और टाइम कैसे बीत गया पता ही
नही चला और शादी का दिन आ गया और मैं मान ही मान सोच रही थी की शादी मे तो कोई मील ही जाए गा चोद्ने बाला सो मैं सुबह से ही आपने आप
को सजाने मे लग गयी फिर पता चला की बारात आने बाली है तो मैने लहंगा-चुनी पहन ली जो की सिल्वर और पिंक राँग का था मैं ड्रेस कैसे पहनी थी बताती हू
मेरी लहंगा जो था वो मेरी कमर से थोरी नीचे थी जहा से चूतर के उभार स्टार्ट होती है वाहा से थी और उपर जो पहनी थी उस से ज़ायदा कपारा तो
ब्रा मे होता है पीछे तो सिर्फ़ एक डोरी थी पतली सी और आगे भी उतनी ही थी जिस से मेरी आधी चुची ढक सके मतल्ब मेरी आधी नही लेकिन चुची
का कुछ भाग कापरे पहने के बाद भी दीख रही थी और चुची के नीचे से चुची प्युरे . हुए थी लेकिन आगे मेरी चुची के नीचे से मेरी चूत
के थोरा उपर बीना कापरे के थी मतलब मेरी सेक्सी नाभी दीख रही थी और पीछे तो कमर के उपर पूरी नंगी थी सिर्फ़ बीच मे एक डोर थी |और थोरे गहने
भी पहनी थी |

फिर कुछ देर मे बारात आए तो मैं देखी बारात मे डेर सारे हेन्सम लड़के थे सब नाच रहे थे और हम लोग उन लोगो को देख कर मज़्ज़ा कर रही थी
फिर कुछ देर बाद बरमाला होने बाला था और बरमाला मे दुलहन के साथ उसकी बहाने जाती है सो मुझे दीदी के साथ मंच पर जाने का मौका मीला दीदी
के एक साइड जिस साइड लोग बैठे हुए थे उस साइड मैं थी और एक साइड एक और बहन और पीछे बाकी घर बाले थे मैं बरती की ओर देखी तो मंच के एकदम पास
देखी की 4 स्मार्ट लरके थे और मेरी तरफ घूर-घूर के देख रहे थी जैसे अगर उनको अभे मील जाउगी तो मुझे दम तक चोदे गे फिर उस मे से एक लरका जो सब से
स्मार्ट था वो उठा और अपने मोबाइल से फोटो खीचने लगा लेकिन वो दीदी के बजाए मेरी फोटो खीच रहा था |फिर बरमाला ख़तम हो गयी और हम लोग अंदर चली गयी

और कुछ देर बाद मैं देखी वो चारो साइड मे खरे हो के बात कर रहे थे मैं चुपके से पर्दे के पीछे जा कर चुप के उन लोगो की बात सुनने लगी
तो उस मे से वो लरका जो दीदी के बदले मेरी फोटो खीच रहा था बाद मे पता चला की वो दीदी का देबर है |वो बोल रहा था यार कया माल थी वो ! तो उसके
दोस्त पूछे की कौन बे ? तो वो बोला की वही बे जो भाभी के बगल मे खरी थी सिल्वर और पिंक मिक्स ड्रेस मे जिसकी बड़ी-बड़ी और मास्त चुची थी तो उसका दोस्त बोला
की हा आछी माल थी तो वो बोला आछी यार कांताप माल थी के बड़े-बड़े और गोल-गोल उसकी दोनो चुचीया के पतली कमर गोरा बदन पीछे उसकी उठी हुई
चूतर और पतली सी होठ और उसकी नंगी पीठ यार अगर एक बार वो मुझे मील गयी ना चोद्ने को तो कम से कम 5 दिन तक लगातार उसको चोद्त ही राहु गा और
कुछ काम नही करू गा |और अपने दोस्तो को मोबाइल मे मेरी फोटो दीखने लगा फिर बोला देख इसकी नाभी को कितनी सेक्सी है मन कर रहा है इसी मे लंड डाल दू |
तो उसका दोस्त बोला आब तो तू उसको फोटो मे ही . देगा |तो वो बोला कहा चोद्ने की बात कर रहा है यार उसकी तो चुची भी उपर से ही हल्की सी दीखी
इतनी बड़ी-बड़ी और खूबसूरत चुची है उसके पास एक बार झुक जाते तो के हो जाता उसको कपारे तो ऐसे थे ही की एक बार झुक जाती तो उसकी आधी चुची
दीख जाती बस एक बार झुक जाते तो हम लोगो को तो मज़्ज़ा आता और उसका की जाता

तो मैं मन ही मन सोचने लगी ये तो एकदम राइट बंदा है मुझे चोद सकता है और मैं चुकी से वाहा से नीकाल गयी और सोची की इन लोगो की मनोकामना मैं
पूरी कर देती हू इनको अपनी चुची की हल्की सी . दीखला देती हू सो मैं सामने से आई और वो लोग जॅहा खरे थे वही पर मैं जानबूझ कर अपनी रूम की
चाभी गीरा दी जिस से उनलोगो की नज़र मुझ पर आई और मैं चाभी उठाने के लीए तब झुकी जब मैं देख ली चारो मुझे देख रहा है | जैसे ही मैं झुकी
मेरी आधी चुची कपारे से बाहर आने लगा तो मैने जानबूझ कर अपनी चुची हल्की सी हीला दी और चाभी उठा कर चल दी लेकिन उनलोगो की किस्मत मे और
मज़्ज़ा लिखा हुआ था सो मेरी पायल खुल कर गिर गयी और मुझे पता भी नही चला लेकिन मैं कुछ कदम आगे बढ़ी हौगी की पीछे से एक आबाज आई की सुनीए
तो मैं पीछे मुरी तो दीदी का देबर बोला सायद आब की पायल खुल गयी है |

तो मैं फिर पीछे लौटी और तब तक वो पायल उठा चुका था और मीरी हाथ मे देने के बहाने मेरी हाथ को सहला दीया तो मैं पायल को हाथ मे ले के जाने लगी
वो बोला एक बात बोलू लड़की के हाथ मे पायल आछा नही लगता अगर आप बुरा ना माने तो मैं आप को पहना दू तो मैं बोली नही मैं पहन लूँगी लेकिन उसके बार-बार
बोलने पर मैं हा बोल दी तो वो नीचे बैठ गया और बोला आप अपना लहंगा को थोरा उठाओ गे तो मैं उठा ली और वो बाँध दीया लेकिन बाधने मे चान्स मार रहा था |
तो मैं बोली शुक्रीया तो वो बोला अपना नाम बता दीजीये बस और कुछ नही

तो मैं बोली रूचि रानी और आप तो वो बोला हर्ष और मैं चली गयी पीछे उसकी बात सुनने तो उसके दोस्त बोल रही थे देख लीया ना रूचि की बड़ी-बड़ी चुची और
पूरा चान्स मार रहा था फिर और बहुत कुछ बोला लेकिन जायदा नही बतौन गी और मामी आ गयी और एक काम बोल दी तो मैं काम करने लगी फिर दीदी की शादी शुरू हो
गयी और देखने 3 ही आए वो और उसके 2 दोस्त कुछ देर देखने के बाद उसके 2 और दोस्त . . और वो आकेला बैठ कर . देख रहा था |लेकिन वो शादी नही मुझे
देख रहा था और मौका मीलने पर मुझे छूने का एक भी चान्स नही छोर रहा था तो मैं उसके बगल मे जा के बैठ गयी तो कुछ देर बाद वो मेरी जाँघ पर हाथ
रखा तो मैं कुछ नही बोली तो उसकी . बढ़ गयी और वो मेरे साथ चेरखनी करने लगा तो मैं चुपके से बोली यहा सब देख रहे है तो वो आगे से हाथ हटा
कर मेरी नंगी कमर को हल्का सा सहला दीया तो मैं वाहा से चली गयी लेकिन उठते हुए उसको आख मार दी जिस पर वो भी मुझे आख मार दीया |

कुछ देर बाद वो मामी से पूछा वॉशरूम कीधर है तो मामी मुझे बोली रूचि ज़रा इसको दीखा दे तो मैं उसके साथ चल दी और जैसे ही शादी बाली हॉल से बाहर नीकाले उस ने मेरी
कमर मे हाथ डाल दीया लेकिन मैं कुछ नही बोली तो उस ने मुझे खुद से चीपका लीया और अपने उंगली को मेरी नाभी के आस पास घूमने लगा तब तक वॉशरूम आ
गया तो वो अंदर गया और बोला प्ल्ज़्ज़ रूको थोरी देर और जल्दी से बाहर आया और मैं दूसरी ओर हो . थी की और सोच रही थी की ये तो सही जा रहा है आज तो ये मुझे चॉड
ही देगा की तभी वो पीछे से आया और पीछे से मेरी नंगी कमर को पाकर के मेरी नंगी पीठ पर किस करने लगा तो मैं बोली ये क्या कर रहे हो तो उस ने मुझे सीधा
कर के मुझे लीप किस करने लगा तो मैं भी कुछ नही बोली और उसका साथ देने लगी तो उस ने किस करते-करते अपने हाथ से मेरी चूतर को दबाने लगा और होठ को
छोर के वो मेरी गर्दन पे किस करने लगा की तभी मुझे किसी के आने की आहत सुनाई दी तो मैं उस से आलग हुई और उसको बोली थोरी देर बाद आना और मैं चली
गयी

फिर कुछ देर बाद वो आया और चुके से मेरे कान के पास आ के बोला आज आप की दीदी मेरे भैया के साथ शूहाग रात मनाए गी उस से पहले क्या मैं आप के साथ माना
सकता हू |और इतना बोल के चला गया तो मैं कुछ देर बाद उसके पास गयी और उसके कान मे बोली कुछ देर बाद रूम नंबर 405 मे आ जाना और मैं मामी को बोल दी की
मुझे नींद लग रही है मैं सोने जेया रही हू तो मामी बोली जा के सो जाओ उनको क्या पता था की मैं सोने नही चुद्ने जा रही हू |

और मैं अपने रूम जा के दरबाजा खुला हुआ ही छोर दी और वो दरबाजा लॉक कर दी जो दो रूम के बीच मे था जिस से मैं भैया के रूम गयी थी ! कुछ देर बाद वो
आया तो मैं बोली डोर लॉक कर दो तो लॉक कर के अंदर आया और बेड पर साथ बैठ गया तो मैं पूछी के है तो वो बोला की आप की दीदी से पहले सुहाग रात मानना
है तो मैं बोली दूर क्यू खड़े हो मैं लेट गयी तो वो मेरी पैर से किस करना स्टार्ट कीया और किस करते हुए उपर बढ़ाना स्टार्ट कीया और मेरी पेट के पास पहुच
गया और मेरी ननगी पेट को ज़ोर-ज़ोर से काटने लगा और मैं अपने दातो से आपनी होठ दबा के मज़्ज़ा ले रही थी फिर वो उपर बढ़ा और अपना हाथ मेरी चुची पर रख दीया
और दबाने लगा पेट पर किस करते हुए |

फिर वो मुझ से आलग हुआ और नीचे खड़ा हो गया तो मैं भी नीचे हो गयी तो वो मुझे लीप किस करने लगा और अपने हाथो से मेरी नंगी पीठ पर हाथ फेरने लगा
और हाथ को नीचे ले गया और मेरी लहँगे मे अपना हाथ डाल दीया और मेरी चूतर को दबाने लगा कुछ देर ऐसा करने के बाद मैं उसको बेड पर धकेल दी और
उसके उपर चढ़ गयी तो वो मेरी चुची दबाने लगा और मेरी चुची पर किस करने लगा और अपना हाथ मेरे पीठ पर ले गया और पीहे से मेरी बलॉज का हुक खोल दीया
और मैं उसको नीकाल डी तो उस ने मेरी नंगी चुची को देखती ही उसको पकर के हाथो से मेरी दोनो चुची को हीलने लगा और मेरी दोनो चुची को पकर के
मुझे खीच लीया और नंगी चुची पर किस करने लगा और मेरी निप्पल को अपनी जीभ से चाटने लगा फिर कुछ देर ऐसा करने के बाद मैं उसके कोर्ट को खोल
दी और वो किस करते हुए ही कोर्ट खोलने लगा फिर उस ने मेरी दोनो चुची के बीच मे अपना सर रख कर . लगा फिर मैने अपनी एक चुची को पकर के उपर की ओर
हम दोनो एक साथ मेरी निप्पल को चाटने लगे और हल्का सा किस कीए फिर हम लोग खड़े हो गये |

और वो पीछे से मेरी चुची चुची को दबाने लगा और पीछे से मेरी गर्दन पर किस करने लगा फिर उस ने मेरी निप्पल को पकर के मेरी चुची को हीलने लगा फिर उस ने
मुझे आधा बेड पर झुकाया और मेरी चूतर पर एक छपत मारी और नीचे बैठ गया और मेरे लहँगे को नीचे कर दीया और मेरी नंगी चूतर पर किस करने लगा और बीच-बीच
मे मेरी चूतर पर एक चपत लगा देता था फिर उस ने मेरी पैंटी को भी नीचे कर दीया और मुझे बेड पर ठीक से बैठा कर मेरी दोनो टॅंगो के बीच मे आया और मेरी चूत के
पास हल्की सी फुक मारा और मेरी चूत को हल्की से ठंडक लगा और मेरी चूत को अपनी जीभ से चाटने लगा और तब तक मैं अपनी चुची को दबा रही थी फिर मैं अपने हाथ को
अपनी चूत के पास ले गयी और अपनी हाथो से चूत को हल्का सा फैला दी जिस से वो अपनी जीभ को और अंदर ली गया और अपनी जीभ अंदर बाहर करनी लगा और मेरी मूह से
आआआआआआअहहाआआआआआआअ उूुुुुुुुुुुुुुुउऊहहाआआआआअ की आबाज़ आने लगी |

कुछ देर के बाद मैं उठी और उसकी पैंट को खोल दी और उसका लंड बाहर नीकाल दी और मैं नीचे बैठ गयी और उसके लंड पे हल्का सा किस की और फिर उसके लंड को मूह मे
ले ली और चाटने लगी फिर उसके लंड पे थूक लगा दी और जब उसका लंड पूरा गीला हो गया तो मैं उसके लंड को वैसे चाटने लगी जैसे उसके लंड मे मखान लगा हुआ हो और मैं उसको चाट
चाट के सॉफ कर रही थी और उसके नीचे के दो आंड़े को अपने मूह मे ले ली और चाटने लगी फिर उसके पूरे लंड को मैं मूह मे ले ली और अंदर बाहर करने लगी और वो भी अपने कमर
हीला -2 के चुसबा रहा था |

फिर उस ने मेरी सिर को पकर कर उठाया और मुझे किस करते हुए बेड पर लीटा दीया और मेरी दोनो टॅंगो के बीच मे आ के मेरी दोनो टॅंगो को आलग कर के अपने लंड को मेरी चूत के पास
रखा और एक जोरदार झटका दीया और उसका लंड मेरी चूत मे चला गया और वो अंदर-बाहर करने लगा लेकिन इस अंदर बाहर करने मे मुझे हल्का सा दर्द हो रहा था सो मैं अपनी चूत के पास
सहलाने लगी और वो अंदर बाहर कीए जा रहा था |फिर उस ने मेरी एक टाँग को अपने कंधे पर रख लीया और फिर अंदर बाहर करने लगा फिर उस ने अपना एक पैर बेड पर रखा और फिर अंदर
-बाहर करने लगा फिर उस ने मेरी दोनो टॅंगो एक साथ उठा के अपने कंधे पर राख दीया और चोद्ने लगा |

फिर उस ने मुझे पेट के बल लीटाया तब मैं अपनी एक टांग बेड पे और एक नीचे कर के लेट गयी और उस ने फिर अपना लंड मेरी चूत मे डाल के चोद्ने लगा और मेरी शीत्कार पूरे रूम मे गूंजने लगी
और मैं भे अपनी चूतर हीला-हीला के चूड़बाने लगी फिर मैं ने अपने दोनो पैर नीचे कर के . लगी

फिर वो जा के बेड पर लेट गया और मैं उसकी तरफ पीठ कर के उसके लंड पर बैठ गयी और वो अपनी कमर उठा-उठा के चोद्ने लगा और धीरे-धीरे उसके झटके तेज़्ज़ हो गये और मैं भी उपर से
झटके मरने लगी फिर कुछ देर बाद उस ने मेरी चूत मे दो उंगली डाल दीया और अपना लंड अंदर बाहर करने लगा तो मेरे मूह से और ज़ोर से आआआआआअहहाआआआआ उूुुुुुुुुउऊहहााआ
के आबाज आने लगी तो उस ने अपनी उंगली चूत से नीकाल के मेरे मूह मे डाल दीया और मैं उसकी उंगली चाटने लगी फिर उस ने मुझे बेड पर लीटाया और मेरी एक ताग उठा के चोद्ने लगा कुछ देर बाद
बोला की वो झरने बाला है तो हम दोनो बेड से नीचे उतार गये और मैं बैठ गयी और उसके लंड को चूसने लगी तो उसके लंड ने माल मेरी मूह मे ही छोर दीया और मैं बड़े आराम से
पी गयी

फिर हम लोग बाथरूम गये और साथ मे आपने आप को सॉफ की और आपने-अपने कपारे पहन ली लेकिन जब पैंटी पहन रही थी तो बोला प्ल्ज़्ज़ पैंटी मत पहनो तो मैं कारण पूछी तो वो
बोला इस से तुम्हारे पीछे बाले को तुम्हारी चूतर की थीर्कन सॉफ दीखाई देती है तो मैं पैंटी नही पहनी और बोली आब तक शादी ख़तम हो गयी होगी आब शूहाग रात का टाइम होने
बाला होगा हम लोग ने तो मना लीया आब उन लोगो का देखते है कैसे मानते है और हम दोनो एक दूसरे को किस कीए और शादी जहा हो रही थी वाहा चल गये


ये मेरी तब तक की सब से बेस्ट चुदाई थी आप लोगो को कैसी लगी मेरी सुहाग रात आगर आछी लगी हो तो रिप्लाइ ज़रूर करना

तो दोस्तो आप को मेरी चुदाई कैसी लगी आप मुझे मेल कर के बता सकते है या कोई और काम हो तब भी मेल कर सकते है |लेकिन प्लज़्ज़्ज़ मैं सब से तो नही ना चुद सकती ना ............मुझे मेल ज़रूर करना अगर बुरा भी लगे तो भी

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